रतलाम। शहर में अवैध वसूली और धमकी का एक सनसनी मामला सामने आया है। आरोपी फर्जी पत्रकार किशन साहू निवासी कस्तूरबा नगर ( रतलाम) और कथित समाजसेवी शेरू शाह निवासी बजरंग नगर (रतलाम) ने झूठी खबर प्रकाशित कर छवि धूमिल करने के लिए धमकाते हुए 50 हजार रुपये की अवैध मांग की थी। मामले में मध्यप्रदेश भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं रतलाम अंजुमन इस्लाहुल मुस्लेमीन के सदर इब्राहीम शैरानी ने स्टेशन रोड पुलिस को शिकायत कर गंभीर आरोप लगाकर प्रमाण प्रस्तुत किए थे। शिकायत के आधार पर पुलिस ने फर्जी पत्रकार साहू और कथित समाजसेवी शाह के खिलाफ अवैध वसूली व ब्लैकमेलिंग की धाराओं में एफआईआर दर्ज की है।
मध्यप्रदेश भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं रतलाम अंजुमन इस्लाहुल मुस्लेमीन के सदर इब्राहीम शैरानी ने बताया कि पूर्व पार्षद सलीम मेव की माता की शवयात्रा के दौरान 2 अक्टूबर 2024 की रात करीब 10.30 बजे आरोपी फर्जी पत्रकार किशन साहू निवासी कस्तूरबा नगर (रतलाम) और कथित समाजसेवी शेरू शाह निवासी बजरंग नगर (रतलाम) ने रुपये 50 हजार की अवैध वसूली की मांग की। उन्होंने पुलिस को सौंपी शिकायत में बताया कि इस दौरान उनके साथ कह मोहम्मद सलीम कुरेशी और अब्दुल रशीद भी मौजूद थे। आरोपियों ने राशि न देने पर समाचार पत्रों में झूठी खबरें छपवाकर उनकी सामाजिक छवि खराब करने की दोनों के सामने धमकी भी दी थी।
बार-बार मिलकर बनाया था दबाव
शिकायतकर्ता शैरानी ने बताया कि इसके बाद भी आरोपियों ने कई बार मुलाकात कर धमकियां दीं। 8 जून 2025 को 80 फीट रोड स्थित निजी हॉस्पिटल के उद्घाटन के दौरान भी दोनों शातिर आरोपियों ने पुन: 50 हज़ार रुपये की अवैध मांग की और इंकार करने पर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी थी। लगातार धमकियों और ब्लैकमेलिंग से परेशान होकर शैरानी ने 26 अगस्त 2025 को थाना स्टेशन रोड में शिकायत मय दस्तावेजों के साथ प्रस्तुत की थी। पुलिस ने प्रथम दृष्टया जांच के बाद आरोपियों के खिलाफ धारा 308(1) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है।
चोला पहनकर कर रहे थे वसूली
शिकायतकर्ता ने पुलिस को यह भी बताया है कि दोनों शातिर आरोपी फर्जी पत्रकार किशन साहू निवासी कस्तूरबा नगर और कथित समाजसेवी शेरू शाह निवासी बजरंग नगर ऐसे असामाजिक तत्व जो समाजसेवी और पत्रकार का रूप धारण कर अवैध वसूली व ब्लैकमेलिंग कर रहे हैं, उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में कोई अन्य व्यक्ति इस तरह की घटनाओं पर सख्ती से रोक लग सके।