रतलाम। डोंगरे नगर स्थित बोधि इंटरनेशनल स्कूल में कक्षा 8वीं के छात्र के तीसरी मंजिल से कूदने के मामले में पुलिस ने स्कूल प्रिंसिपल डॉली चौहान के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। छात्र के बयान के आधार पर पुलिस खुद इस मामले में फरियादी बनी है। छात्र ने आरोप लगाया है कि मोबाइल लाने की बात पर प्रिंसिपल ने उसे कॅरियर खत्म करने और स्कूल से निकालने की धमकी दी थी, जिससे डरकर उसने यह कदम उठाया।
शुक्रवार रात बोलने की स्थिति में आने पर छात्र ने पुलिस को बयान दिए। उसने बताया, “मुझे प्रिंसिपल डॉली चौहान मैम ने स्कूल में मोबाइल लाने की बात को लेकर अपने ऑफिस में बुलाया और चिल्लाया। उन्होंने स्कूल से निकाल देने की धमकी दी और कहा कि पुरस्कार भी वापस लेकर करियर खत्म कर देंगे। जीवन समाप्त कर देने की बात बोलकर गालियां दीं और डराया।
गालियों और अपमान से डर गया था
छात्र ने बताया कि प्रिंसिपल ने उसे अपशब्दों से अपमानित कर प्रताडि़त किया। उनकी इस प्रताडऩा से वह काफी डर गया और परेशान होकर उसने स्कूल की तीसरी मंजिल पर जाकर आत्महत्या करने के लिए ऊपर से छलांग लगा दी। गिरने से छात्र को दोनों पैर, दाहिने हाथ के कंधे, जबड़े व कमर में गंभीर चोटें आई हैं।
इन धाराओं में केस दर्ज
छात्र के बयान के आधार पर थाने के एएसआई विनोद कटारा की तरफ से प्रिंसिपल के खिलाफ बीएनएस (भारतीय न्याय संहिता) की धारा 296 (ड्ढ), 351 (2) और किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल संरक्षण) अधिनियम 2015 की धारा 75 के तहत केस दर्ज किया गया है।
52 बार बोला था सॉरी, फिर भी नहीं मानीं प्रिंसिपल
यह घटना शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे की है। कूदने से पहले स्कूल प्रिंसिपल व अन्य स्टाफ ने छात्र को स्कूल में मोबाइल लाने और क्लास रूम की रील बनाने पर फटकार लगाई थी। छात्र ने अपनी गलती मानते हुए प्रिंसिपल को 52 बार ‘सॉरी’ कहा और आगे गलती न करने की बात कही। लेकिन प्रिंसिपल नहीं मानीं। इसी डर से वह भागकर तीसरी मंजिल पर गया और कूद गया।
प्रिंसिपल अस्थायी रूप से निलंबित
स्कूल प्रबंधन में प्रिंसिपल के निलंबन का एक लेटर जारी किया है। लेटर में लिखा है कक्षा आठवीं के छात्र के साथ हुए हादसे के संदर्भ में पुलिस प्रशासन की जांच के बाद प्रिंसिपल की इन्वॉल्वमेंट पाया गाय है। जांच पूरी होने तक प्रिंसिपल को अस्थायी रूप से निलंबित किया जाता है।
प्रबंधन ने 3 दिन में मांगा जवाब
स्कूल प्रबंधन में प्रिंसिपल के निलंबन आदेश की प्राप्ति से 3 दिन के भीतर जवाब मांगा है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।