
आलोट। बरखेड़ा कला थाना पुलिस ने ट्रैक्टर चोरी के एक कथित मामले का चौंकाने वाला खुलासा करते हुए मां-बेटे सहित पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि फाइनेंस कंपनी की किस्तों से बचने के लिए ट्रैक्टर को पहले ही बेच दिया गया और बाद में चोरी का झूठा मामला दर्ज करा दिया गया।पुलिस के अनुसार ग्राम जमुनिया शंकर निवासी मोतीलाल मालवीय ने 17 फरवरी को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसका महिंद्रा ट्रैक्टर रात में अज्ञात बदमाश चोरी कर ले गए। शिकायत के आधार पर बरखेड़ा कला थाने में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई।सीसीटीवी में नहीं दिखा ट्रैक्टर, पुलिस को हुआ शकजांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के मार्गों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, लेकिन किसी भी रास्ते से ट्रैक्टर के आने-जाने का कोई सबूत नहीं मिला। इससे पुलिस का शक गहराया। जब मामले की गहराई से पड़ताल की गई तो पूरा ‘चोरी कांड’ ही फर्जी निकला।दलाल के जरिए मथुरा में बेच दिया ट्रैक्टरपुलिस पूछताछ में सामने आया कि फरियादी के भाई राजू उर्फ राजेश मालवीय ने मुकेश पाटीदार और असलम शाह के साथ मिलकर ट्रैक्टर बेचने की योजना बनाई। दलाल प्रदीप कुमावत के माध्यम से ट्रैक्टर मथुरा निवासी मदन मोहन को बेच दिया गया। इसके बाद फाइनेंस की किश्तों से बचने के लिए चोरी की झूठी रिपोर्ट दर्ज करा दी गई। पुलिस ने ट्रैक्टर बिक्री से जुड़े नोटरी दस्तावेज भी जब्त कर लिए हैं।फाइनेंस कंपनी भी पहुंची पुलिस के पासमामले में एसके फाइनेंस आलोट शाखा ने भी धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने प्रकरण में धोखाधड़ी समेत अन्य धाराएं बढ़ाते हुए सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।गिरफ्तार आरोपीराजू उर्फ राजेश मालवीय (30), ग्राम जमुनिया शंकरमुकेश पाटीदार (32), ग्राम जमुनिया शंकरअसलम शाह (36), ग्राम जमुनिया शंकरमोतीलाल मालवीय (22), ग्राम जमुनिया शंकररत्नीबाई मालवीय (55), ग्राम जमुनिया शंकरपुलिस टीम की सराहनीय भूमिकाकार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक रविंद्र दंडोतिया के नेतृत्व में प्रधान आरक्षक सुरेंद्र कच्छावा, आरक्षक ओमप्रकाश गुर्जर, राजेश चौधरी, शकील, ईश्वर धाकड़, महिला आरक्षक शारदा लोहार तथा साइबर सेल रतलाम की टीम का विशेष योगदान रहा।