
आलोट।( News SSR ) विक्रमगढ़ स्थानीय ऐतिहासिक श्री लक्ष्मीनारायण मंदिर परिसर में चल रही सात दिवसीय संगीतमय श्रीमद् भागवत महापुराण के चतुर्थ दिवस पर कथा पंडाल भक्तिमय और उल्लास से सराबोर नजर आया। कथा व्यास पंडित अभिषेक व्यास ने भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की मनमोहक कथा सुनाई, जिसे सुनकर श्रद्धालु झूम उठे।कलिकाल में प्रभु भक्ति ही संकटों का सरल साधन: पंडित अभिषेक व्यासकथा को आगे बढ़ाते हुए पंडित अभिषेक जी व्यास ने कहा कि कलिकाल (कलयुग) में भगवान की भक्ति ही मनुष्य के जीवन के सारे कलह, संकट और कष्टों को मिटाने का सबसे सरल और प्रभावी साधन है। उन्होंने भगवान की लीलाओं का रसपान कराते हुए धर्म और भक्ति के मार्ग पर चलने का आह्वान किया। जैसे ही कथा के दौरान कृष्ण जन्मोत्सव प्रसंग आया, पूरा पंडाल बधाई गीतों, भजनों और पुष्प वर्षा से गूंज उठा। भक्तों ने एक-दूसरे को बधाइयां दीं और नंदलाल के स्वागत में आनंद मनाया।राम वाटिका में हुआ कथा का आयोजन एवं विशेष सम्मानचतुर्थ दिवस की इस पावन कथा के मुख्य लाभार्थी श्री चांदमल लेखराज अगरबत्ती वाला परिवार (इंदौर) रहे, जिन्होंने इस आयोजन का लाभ अपने नवनिर्मित परिसर ‘राम वाटिका’ में लिया।कार्यक्रम के आरंभ में स्वागत की बेला में विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों द्वारा भागवत पुराण की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई तथा व्यासपीठ का अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर प्रमुख रूप से: भस्म रमैया भक्त मंडल के मुख्य सूत्रधार पंडित ऋतुराज तिवरी भारतीय किसान संघ के प्रमुख भूपेंद्र सिंह (एडवोकेट)विभाग से विनोद माली जन अभियान परिषद से शैलेंद्र सिंह सोलंकीइन सभी अतिथियों एवं संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने पहुंचकर कथा वाचक पंडित अभिषेक जी व्यास का स्वागत एवं सम्मान किया। मंदिर परिसर में उपस्थित सैकड़ों धर्मप्रेमियों ने महाप्रसादी का लाभ लिया और कथा का आनंद उठाया।