
जावरा। 14सितम्बर( News SSR )पत्रकार कॉलोनी, जावरा निवासी पत्रकार कीर्ति वर्रा ने बजाज फाइनेंस जावरा के कर्मचारी लखन गुर्जर के खिलाफ ऋण की दो किस्तें जमा कराने के नाम पर ₹16,350 नकद लेने और राशि कंपनी में जमा नहीं कराने का आरोप लगाते हुए थाना जावरा शहर में शिकायत प्रस्तुत की है। शिकायतकर्ता ने इस मामले में बजाज फाइनेंस कंपनी की भूमिका एवं जिम्मेदारी की भी जांच कर कार्रवाई की मांग की है।
शिकायत के अनुसार, कीर्ति वर्रा ने बजाज फाइनेंस जावरा शाखा से ₹2,38,000 का ऋण लिया था। आर्थिक स्थिति खराब होने के कारण कुछ किस्तें बकाया हो गई थीं। आवेदन में बताया गया है कि 30 जून 2026 को बजाज फाइनेंस में कार्यरत कर्मचारी लखन गुर्जर को जावरा नगरपालिका के बाहर ऋण की दो किस्तों की कुल ₹16,350 की राशि नकद दी गई थी।
शिकायतकर्ता का कहना है कि रसीद मांगने पर कर्मचारी ने सर्वर डाउन होने का हवाला देते हुए शाम को व्हाट्सऐप पर रसीद भेजने का आश्वासन दिया, लेकिन रसीद नहीं भेजी। बाद में बजाज फाइनेंस कार्यालय में किस्तों की जानकारी लेने पर पता चला कि उक्त राशि कार्यालय में जमा नहीं कराई गई है। इसके चलते किस्तें बकाया रहीं और पेनल्टी एवं ब्याज लगने का आरोप है।
आवेदन में यह भी कहा गया है कि कार्यालय में पूछताछ करने पर बताया गया कि लखन गुर्जर काम छोड़कर चला गया है। शिकायतकर्ता ने कर्मचारी से कई बार संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन फोन रिसीव नहीं किया गया।
शिकायतकर्ता का कहना है कि लखन गुर्जर बजाज फाइनेंस कंपनी का कर्मचारी था और कंपनी के ऋण की किस्तें जमा कराने के नाम पर राशि ली गई थी। ऐसे में केवल कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई पर्याप्त नहीं है, बल्कि कंपनी की नियुक्ति प्रक्रिया, कर्मचारी की अधिकृत भूमिका, नकद वसूली की व्यवस्था तथा राशि जमा नहीं होने की जानकारी होने के बावजूद की गई कार्रवाई की भी जांच आवश्यक है।
कीर्ति वर्रा ने थाना प्रभारी से लखन गुर्जर के साथ-साथ बजाज फाइनेंस कंपनी की संबंधित शाखा एवं जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका की जांच कर, दोषी पाए जाने पर उनके विरुद्ध भी वैधानिक कार्रवाई करने, राशि वापस दिलाने तथा लगी पेनल्टी एवं ब्याज हटवाने में सहायता करने की मांग की है।
मामले में पुलिस की जांच एवं कार्रवाई का इंतजार है।