रतलाम। रेल कर्मचारियों और पेंशनर्स को बेहतर उपचार सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से रतलाम रेल मंडल चिकित्सालय लगातार अपनी सेवाओं का विस्तार कर रहा है। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजेश कुमार बेन ने बताया कि रेलवे अस्पताल ने इंदौर स्थित सीजीएच कैंसर अस्पताल से अनुबंध कर लिया है। अब तक कैंसर पीडि़त रेलकर्मियों और उनके परिजनों को इलाज के लिए मुंबई के टाटा अस्पताल जाना पड़ता था, लेकिन अब उपचार इंदौर में ही आसानी से मिल सकेगा।
डॉ. बेन ने बताया कि इंदौर के मेदांता अस्पताल से भी अनुबंध हो चुका है और केयर सीएचएल अस्पताल से अगले सप्ताह तक प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। वहीं रतलाम के के.के. शाह अस्पताल से भी अनुबंध किया जा रहा है, जिससे मरीजों को रोबोटिक सर्जरी की सुविधा भी मिल सकेगी। मंडल की सभी डिस्पेंसरी को इन अनुबंध अस्पतालों से जोडऩे का प्रयास किया जा रहा है, ताकि मरीजों का समय पर और सुलभ इलाज हो सके।
मंडल अध्यक्ष, ऑल इंडिया रेलवे पेंशनर्स वेलफेयर फेडरेशन, प्रकाश व्यास ने डॉ. बेन से मुलाकात कर अस्पताल की व्यवस्थाओं से संबंधित चर्चा की। उन्होंने आग्रह किया कि फार्मासिस्ट की अनुपस्थिति में दवा वितरण काउंटर बंद न हो तथा पेंशनरों को सभी खिड़कियों से दवा उपलब्ध कराई जाए। 80त्न से अधिक पेंशनर्स अस्पताल की सेवाएं लेते हैं, इसलिए विशेष खिड़की पर भीड़ होने की स्थिति में अन्य खिड़कियों से दवा देने के निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने को कहा।
अस्पताल में चल रहे निर्माण कार्यों की जानकारी भी इस दौरान साझा की गई। मुलाकात के समय प्रवक्ता बृजपाल सिंह भी उपस्थित थे।